



प्रयागराज महाकुंभ में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। बीते 6 दिनों में 7.5 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु संगम स्नान कर चुके हैं। महाकुंभ का यह धार्मिक आयोजन लोगों की आस्था और विश्वास का प्रतीक बन चुका है।
22 जनवरी को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कैबिनेट बैठक संगम क्षेत्र में आयोजित होगी। सीएम योगी ने अधिकारियों को इसकी तैयारियों को लेकर विशेष निर्देश दिए हैं। गौरतलब है कि 2019 के कुंभ में भी कैबिनेट बैठक का आयोजन हुआ था, जिसने व्यापक प्रशंसा पाई थी।
नागा संन्यासी ने यूट्यूबर की पिटाई की:महाकुंभ में एक विचित्र घटना में, एक नागा संन्यासी ने चिमटे से एक यूट्यूबर की पिटाई कर दी। सोशल मीडिया पर इस घटना का वीडियो वायरल हो रहा है। इसी बीच, सोशल मीडिया से प्रसिद्ध हुईं मोनालिसा, जो पहले महाकुंभ का हिस्सा थीं, ने भी इसे छोड़ दिया है। उनके पिता ने बताया कि लगातार भीड़ और फोटो खिंचवाने के दबाव के कारण उन्हें वापस घर भेजना पड़ा।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने संगम में डुबकी लगाई:रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दोपहर में संगम में पवित्र स्नान किया। उनके आगमन से पहले आर्मी ने पूरे किला घाट क्षेत्र को अपने कब्जे में ले लिया था। सुरक्षा की दृष्टि से देर रात आर्मी और पुलिस ने महाकुंभ क्षेत्र में व्यापक चेकिंग की। चेकिंग के दौरान 18 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। इनमें से कई के पास आधार कार्ड नहीं था और कुछ को चोरी के संदेह में पकड़ा गया।
महाकुंभ क्षेत्र में भीषण जाम:महाकुंभ में अचानक भीड़ बढ़ने से शहर में जाम की समस्या गंभीर हो गई है। संगम जाने वाले सभी रास्ते ब्लॉक हो गए हैं, जिससे श्रद्धालु कई घंटे से सड़कों पर फंसे हुए हैं। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि भीड़ के प्रबंधन के लिए फिलहाल संगम जाने से बचें।
प्रयागराज महाकुंभ का यह आयोजन श्रद्धालुओं के लिए एक अद्वितीय आध्यात्मिक अनुभव प्रदान कर रहा है। हालांकि, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन एक बड़ी चुनौती बन गए हैं। प्रशासन इसे बेहतर बनाने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहा है।