



देशभर में 15,000 करोड़ रुपए का चिटफंड घोटाला करने वाली आदर्श क्रेडिट सोसायटी पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई की। ईडी ने सोसायटी के संचालक मुकेश मोदी और उनके भतीजे राहुल मोदी की 135 करोड़ रुपए की संपत्ति अटैच की है।
आदर्श क्रेडिट सोसायटी, जिसका मुख्यालय राजस्थान के सिरोही में स्थित है, पर देशभर के लाखों निवेशकों को धोखा देने का आरोप है।
2018 में पहली शिकायत:2018 में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने एक 15 लाइन की शिकायत के आधार पर पहला मामला दर्ज किया।
घोटाले की साजिश:जांच में सामने आया कि घोटाले को अंजाम देने के लिए एक फर्म बनाई गई, जिसके माध्यम से 270 करोड़ रुपए का कमीशन निकाला गया।फर्जी कंपनियों के नाम पर लोन लिया गया।लोन की राशि का उपयोग निजी फायदे के लिए किया गया।अंततः कंपनियों को कंगाल कर इस्तीफा दे दिया गया।
संपत्तियों का विवरण:इन संपत्तियों में मकान, जमीन और बैंक अकाउंट शामिल हैं।
देशभर में शिकायतें:आदर्श क्रेडिट सोसायटी के खिलाफ राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र समेत अन्य राज्यों में धोखाधड़ी के मामले दर्ज हैं।
कई परिवार आर्थिक संकट में आ गए।फर्जी कंपनियों और जालसाजी के इस मॉडल ने सोसायटी को कंगाल कर दिया।
15,000 करोड़ के इस घोटाले में ईडी की कार्रवाई निवेशकों के लिए एक बड़ी राहत मानी जा रही है। जांच एजेंसियां इस मामले को गंभीरता से ले रही हैं और घोटालेबाजों पर शिकंजा कस रही हैं। निवेशकों को अपनी धनराशि वापस मिलने की उम्मीदें बढ़ गई हैं।