राजस्थान में 23,820 पदों पर सफाई कर्मचारी भर्ती को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। जयपुर के सफाई कर्मचारी पिछले 6 दिनों से हड़ताल पर हैं और भर्ती नियमों में संशोधन की मांग कर रहे हैं। इस बीच, नगर निगम हेरिटेज ने हड़ताल पर गए कर्मचारियों को नोटिस जारी कर निष्कासित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
नगर निगम की सख्ती: 24 घंटे का अल्टीमेटम नगर निगम हेरिटेज के कमिश्नर अरुण कुमार हसीजा ने कहा,धारा 86 के तहत सार्वजनिक नोटिस जारी किया गया है।अगर 24 घंटे में कर्मचारी काम पर नहीं लौटते, तो उनके खिलाफ सेवा से निष्कासन की कार्रवाई की जाएगी।पहले नोटिस न लेने पर घर पर नोटिस चस्पा किया जाएगा।
सफाई व्यवस्था चरमराई: 6 दिन की हड़ताल के कारण शहर की अंदरूनी कॉलोनियों और गलियों में गंदगी का अंबार लगने लगा है।प्रमुख इलाकों में राइजिंग राजस्थान के मद्देनजर अस्थाई कर्मचारियों से सफाई करवाई जा रही है।सीवरेज और नालों की सफाई पूरी तरह बंद है। शिकायत केंद्र में अब तक 100 से ज्यादा शिकायतें दर्ज हो चुकी हैं।
वाल्मीकि समाज ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला: राजस्थान सरकार द्वारा 23,820 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है।भर्ती प्रक्रिया को लॉटरी के माध्यम से पूरा करने की तैयारी है।वाल्मीकि समाज ने भर्ती नियमों में बदलाव की मांग को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है।
धारा 86 के तहत नोटिस: बिना स्वीकृति छुट्टी पर गए सफाई कर्मचारियों को नोटिस जारी।गंदगी से जनता परेशान: हड़ताल के कारण सफाई व्यवस्था ठप।वाल्मीकि समाज का विरोध: भर्ती प्रक्रिया में बदलाव की मांग।भर्ती प्रक्रिया: 27 नवंबर को आवेदन प्रक्रिया समाप्त।