



राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टमेंट समिट-2024 से पहले जयपुर को खूबसूरत और स्वच्छ बनाने के साथ ही भिखारी मुक्त बनाने का अभियान तेज हो गया है। नगर निगम हेरिटेज जयपुर ने शहर के विभिन्न हिस्सों में भिक्षावृत्ति रोकथाम अभियान शुरू किया है। अब तक 60 से अधिक भिखारियों का रेस्क्यू कर उन्हें पुनर्वास केंद्र में पहुंचाया गया है, जहां उनके भोजन, रहने और आत्मनिर्भरता की ट्रेनिंग का प्रबंध किया गया है।
आत्मनिर्भरता की ट्रेनिंग: हर व्यक्ति को उसकी रुचि के अनुसार ट्रेनिंग दी जाएगी, जिससे वह आर्थिक रूप से स्वावलंबी बन सके।
नगर निगम हेरिटेज कमिश्नर अरुण कुमार हसीजा ने बताया कि शहर में सर्दी का मौसम शुरू हो चुका है। सड़कों पर जीवन यापन करने वाले लोगों को पुनर्वास केंद्र में भेजकर उन्हें सुरक्षित और गरिमापूर्ण जीवन प्रदान करना हमारा लक्ष्य है।"
उन्होंने आम जनता से इस अभियान में सहयोग की अपील की और कहा,"अगर लोग इस मुहिम में मदद करेंगे, तो हम जयपुर को पूरी तरह भिक्षावृत्ति मुक्त शहर बना सकते हैं।
भविष्य की योजना: रेस्क्यू किए गए लोगों को स्वावलंबी बनाने के लिए उन्हें रोजगारपरक ट्रेनिंग दी जाएगी।
स्थानीय योगदान:अभियान को सफल बनाने में सामाजिक संस्थाओं और आम नागरिकों का योगदान महत्वपूर्ण है।