



जयपुर जनाना हॉस्पिटल में बुधवार को एक महिला पार्षद द्वारा एक महिला रेजिडेंट डॉक्टर के साथ बदसलूकी का मामला सामने आया है। सिंधी कैंप थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला पार्षद नसरीन बानो को गिरफ्तार कर जेसी भेज दिया।
एसएचओ किरन सिंह ने बताया कि यह घटना 8 अक्टूबर की सुबह की है, जब जनाना हॉस्पिटल के लेबर रूम में रेजिडेंट डॉक्टर्स अपना कार्य कर रही थीं। करीब 10:30 बजे लेबर रूम में एक महिला आई और एडमिट मरीज मुस्कान की जल्दी डिलीवरी कराने का दबाव बनाने लगी। जब महिला रेजिडेंट डॉक्टर ने पेशेंट की स्थिति का हवाला देकर कहा कि वे अपने हिसाब से ही प्रसव की दवाई देंगे, तो महिला भड़क गई और अपशब्द बोलने लगी।
महिला पार्षद ने अपना नाम नसरीन बानो बताते हुए रेजिडेंट डॉक्टर को धमकाया कि वह उनकी नौकरी खा जाएगी, और इस दौरान रेजिडेंट डॉक्टर को गाल पर थप्पड़ मार दिया। इसके बाद महिला पार्षद ने रिकॉर्डिंग करने पर भी गाली-गलौच कर दी।
सिंधी कैम्प थाना क्षेत्र में जनाना हॉस्पिटल की महिला रेजिडेंट डॉक्टर के साथ मारपीट और धमकी देने के मामले में पुलिस ने वार्ड नंबर-32 की पार्षद नसरीन बानो को गिरफ्तार कर लिया है। एसएचओ किरन सिंह ने बताया कि इस मामले में डिप्टी सुप्रीडेंट ने सिंधी कैम्प थाने में मारपीट, एससी/एसटी एक्ट और राजकार्य में बाधा डालने की शिकायत दर्ज करवाई थी।
पुलिस ने बुधवार दोपहर को नसरीन बानो को अरेस्ट किया। इस घटना में महिला पार्षद पर आरोप है कि उन्होंने अस्पताल में एक डॉक्टर को थप्पड़ मारा और सरकारी कार्य में हस्तक्षेप किया। घटना के समय महिला पार्षद ने डॉक्टर को धमकी दी थी कि यदि उन्होंने डिलीवरी नहीं करवाई, तो उनकी नौकरी को खत्म करवा देंगी।
इस घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई करते हुए आरोपी महिला पार्षद को गिरफ्तार कर लिया। यह घटना अस्पतालों में सुरक्षा और कर्मचारियों के अधिकारों को लेकर कई सवाल खड़े करती है, और अस्पताल प्रशासन ने डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम उठाने की मांग की है।
पुलिस ने महिला पार्षद को गिरफ्तार कर जेसी भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने अस्पताल के कर्मचारियों और डॉक्टरों के बीच चिंता बढ़ा दी है, जिससे अस्पताल प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की है।