



जयपुर में डॉ. एमपीके होम्योपैथी मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर की प्रथम वर्ष की 19 वर्षीय छात्रा ने अपार्टमेंट की 7 वीं मंजिल से छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली।
घटना के बाद छात्रा के मामा ने आरोप लगाया है कि हॉस्टल वार्डन द्वारा किए जा रहे टॉर्चर से परेशान होकर उनकी भांजी ने यह कदम उठाया। पुलिस ने सुसाइड के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 20 सितंबर को सेज थाना पुलिस ने छात्रा के परिजनों के बयान दर्ज किए और हॉस्टल के सीसीटीवी फुटेज निकलवाए हैं।
सहायक पुलिस निरीक्षक प्रवीण कुमार ने बताया कि कोटा के ओम अर्बन हाइट्स, सुभाष नगर की रहने वाली दिव्यांशी नागर (19) ने सुसाइड किया। दिव्यांशी जयपुर के साईपुरा इलाके में स्थित डॉ. एमपीके होम्योपैथी मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर की प्रथम वर्ष की छात्रा थी। दिसंबर 2023 से वह कॉलेज के गर्ल्स हॉस्टल में रहकर अपनी पढ़ाई कर रही थी।
29 अगस्त की शाम करीब 7 बजे दिव्यांशी अपने मामा-मामी के साथ उनके महिंद्रा सेज स्थित फ्लैट पर आई थी। उनका फ्लैट अपार्टमेंट की 7 वीं मंजिल पर है। घर आने के महज 10 मिनट बाद ही दिव्यांशी ने फ्लैट से बाहर आकर अपार्टमेंट की लॉबी से छलांग लगा दी। नीचे गिरते ही तेज आवाज सुनकर अपार्टमेंट में रहने वाले लोग मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में उसे मलोट हॉस्पिटल लेकर गए।
प्राथमिक उपचार के बाद दिव्यांशी को बेहतर इलाज के लिए सीके बिरला हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया, लेकिन देर रात करीब 12 बजे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही सेज थाना पुलिस हॉस्पिटल पहुंची और दिव्यांशी के शव को पोस्टमार्टम के लिए CHC बस्सी की मॉर्च्युरी भेजा गया।
दिव्यांशी के मामा जयंत कलवार (41) ने हॉस्टल वार्डन और कॉलेज प्रशासन पर उनकी भांजी को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाते हुए 2 सितंबर को शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है।