Saturday, 29 August 2026

अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन में वैश्य समाज से जुड़े प्रदेश के विधायक और सांसद का सम्मान: जाति के आधार पर चुनावी टिकट की मांग नहीं करनी चाहिए: ओम बिरला


अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन में वैश्य समाज से जुड़े प्रदेश के विधायक और सांसद का सम्मान: जाति के आधार पर चुनावी टिकट की मांग नहीं करनी चाहिए: ओम बिरला

जयपुर में आयोजित अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन में वैश्य समाज से जुड़े प्रदेश के विधायक और सांसद एक मंच पर आए। इस अवसर पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अपने संबोधन में कहा कि हमें जाति के आधार पर चुनावी टिकट की मांग नहीं करनी चाहिए। वैश्य समाज को अपनी संस्कृति और कर्मठता के बल पर चुनावी नेतृत्व की भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि जाति आधारित नेतृत्व वैश्य समाज का हिस्सा नहीं होना चाहिए।

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भारतीय युवाओं की विदेशों में सेवाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि जापान जैसे देशों में युवाओं की कमी को हमारे देश के युवा भर रहे हैं। उन्होंने यह विचार व्यक्त किया कि भारत की बढ़ती आबादी एक वरदान है, और वह दिन दूर नहीं जब भारत का युवा वैश्विक स्तर पर प्रतिनिधित्व करेगा।


लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने वैश्य समाज के ऐतिहासिक योगदान की सराहना की, विशेष रूप से आजादी के आंदोलन में, जहां इस समाज के लोगों ने स्वतंत्रता सेनानियों का समर्थन किया और भामाशाह जैसे ऐतिहासिक व्यक्तित्व के रूप में महत्वपूर्ण योगदान दिया। सम्मेलन में विकसित भारत 2047 के विजन में वैश्य समाज की भूमिका पर भी चर्चा हुई और समाज के प्रमुख सांसदों और विधायकों का सम्मान किया गया।

जयपुर में आयोजित अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के दौरान कई प्रमुख नेताओं और जनप्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया। सहकारिता राज्य मंत्री गौतम कुमार दक, विधायक कालीचरण सराफ, प्रताप सिंह सिंघवी, दीप्ति माहेश्वरी, गणेश राज बंसल, अशोक कोठारी, विधायक ताराचंद जैन, अमित चाचान, ऋतु बनावत और सांसद दामोदर दास अग्रवाल का इस अवसर पर विशेष रूप से सम्मान किया गया। इस सम्मेलन का उद्देश्य "विकसित भारत 2047" के विजन में वैश्य समाज की भूमिका पर चर्चा करना और समाज के विभिन्न क्षेत्रों में किए गए योगदान को मान्यता देना था।


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