Saturday, 29 August 2026

जम्मू कश्मीर में आतंकी हमले में शहीद विजेंद्र सिंह और अजय सिंह की पार्थिव देह जयपुर पहुंची,नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष डोटासरा ने दी श्रद्धांजलि


जम्मू कश्मीर में आतंकी हमले में शहीद विजेंद्र सिंह और अजय सिंह की पार्थिव देह जयपुर पहुंची,नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष डोटासरा ने दी श्रद्धांजलि

जम्मू कश्मीर में आतंकी हमले में शहीद हुए राजस्थान के विजेंद्र सिंह और अजय सिंह की पार्थिव देह जयपुर पहुंची, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस अध्यक्ष विधायक गोविंद सिंह डोटासरा ने जयपुर एयरपोर्ट पहुंचकर प्रदेश के जांबाज शहीदों को सलामी देते हुए पुष्पचक्र अर्पित कर संवेदना और शोक प्रकट किया।

प्रतिपक्ष के नेता जूली बोले आतंकी हमले में देश के पांच सपूत शहीद हो गए,भारतीय सैनिको ने आतंकियों का डटकर मुकाबला कियाऔर उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि हम सभी को सामूहिक रूप से मिलकर आतंकवाद के खिलाफ लड़ना होगा।

बस स्टैंडउल्लेखनीय है कि जम्मू कश्मीर के डोडा के उत्तरी क्षेत्र में आतंकियों से मुठभेड़ में झुंझुनूं जिले के दो जवान शहीद हो गए। मुठभेड़ में भैसावता कलां निवासी अजय सिंह नरूका और डुमोली निवासी बिजेन्द्र सिंह दौराता ने अपनी जान की कुर्बानी दी है। दोनों राष्ट्रीय रायफल में तैनात थे। उनकी पार्थिव देह बुधवार को जयपुर एयरपोर्ट पहुंचीऔर  पार्थिव देह गांव के लिए रवाना किया, जहां पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।

शहीद अजयसिंह की पत्नी शालू कंवर के पास सेना के अधिकारियों का फोन आया कि उनके पति शहीद हो गए। यह समाचार सुनते ही वह बेसुध हो गईं। शहीद के पिता कमलसिंह बेटे की शहादत का समाचार सुन बेहाल है । परिजनों ने बताया अजय सिंह दो महीने पहले ही घर आए थे। घटना से कुछ समय पहले उन्होंने अपने घर पर फोन भी किया था। जिसमें उन्होंने बताया कि उनकी छुट्टी मंजूर हो गई है, और वे 18 जुलाई को गांव आने वाले है।

अजयसिंह की ट्रेनिंग फतेहगढ (यूपी) 6 राजपूत बटालियन में हुई थी। उनकी पहली पोस्टिंग सिक्किम में हुई थी। इसके बाद उनको मेरठ केंट 6 राजपूत बटालियन में कार्य किया। इसके बाद 10 आरआर डोडा (जम्मू कश्मीर) में तैनात थे। अजयसिंह की शादी 21 नवम्बर 2021 को अगवान कलां निवासी शालू कंवर के साथ हुई थी। शालू कंवर ने एमएससी की परीक्षा दी है। शहीद अजयसिंह नरूका के पिता कमलसिंह नरूका भी सेना में थे। वह 24 राजपूत रेजिमेंट सेंटर फतेहगढ़ से नवम्बर 2015 को रिटायर हुए।

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