


भाजपा के नेता प्रहलाद गुंजल और नरेश मीणा ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर ली है। गुंजल के साथ भाजपा के सैकड़ो पदाधिकारी ने कांग्रेस ज्वाइन की हैं।
मैं किसी की चमचागिरी नहीं कर सकता: प्रहलाद गुंजल
भाजपा से कांग्रेस में शामिल हुए प्रहलाद गुंजल ने कहा कि मैं किसी नेता के भाइयों की चमचागिरी करने और किसी नेता की दर-पट्टी बिछाने के लिए राजनीति में नहीं आया ।राजनीति का चेहरा मोहरा एक व्यक्ति की दरी पट्टी उठाने तक सीमित हो गया है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकारी सुरक्षा की गारंटी होती है वह डर का कारण नहीं हो। नौजवान कार्यकर्ताओं को हिम्मत के साथ मुकाबला करना चाहिए।
प्रहलाद गुंजल ने कहा कि जोर और जुल्म राजनीतिक की ताकत बन गई है। सत्ता के बूते खुद्दारी को खरीदने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कोटा की राजनीति में एक व्यक्ति का कब्जा हो गया। एक व्यक्ति के भी परिवार का कब्जा हो गया। आज भारतीय जनता पार्टी की रीति-नीति और सिद्धांत से जुड़ा हुआ खुद्दार कार्यकर्ता खून के आंसू रो रहा है।
प्रहलाद गुंजल ने कहा कि वह केवल इस बात का नैतिक साहस नहीं जुटा पा रहा है कि अपने विचारधारा को त्याग कर जुल्म के खिलाफ खड़े हो जाएं, लेकिन मैं वह जुल्म को बर्दाश्त नहीं कर सकता था।
उन्होंने कहा कि मैं अपनी ताकत का प्रभाव और प्रकोप हाड़ौती की जनता को दिखाने वाले के सामने आत्मसमर्पण नहीं कर सकता था। पिछले चुनाव में भाजपा ने मुझे वहां भेज कर जिल्लत देने का प्रयास किया उस समय भी मेरे कार्यकर्ताओं ने खून के आंसू पिए।