


राजस्था्न विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा है कि अनुशासन, प्रतिबद्धता और समर्पण से ही बच्चों् का विकास हो सकेगा। इन गुणों में ही संस्का र और राष्ट्र् सेवा का भाव भी समाहित है। उन्हों ने कहा है कि आज नौकरी देने वाले युवा तैयार करने की आवश्य कता है।
देवनानी बुधवार को यहां माहेश्वकरी विद्यालय के वार्षिक उत्सव को सम्बोनधित कर रहे थे। श्री देवनानी ने विभिन्नव प्रतिस्प्र धाओं में विजेता बच्चोंव को पुरस्काकर प्रदान किये। उन्होंने दीप प्रज्वरलित कर समारोह का शुभारम्भच किया। समारोह में स्माारिका स्पं दन का विमोचन किया गया।
देवनानी ने कहा कि बच्चोंं को 4 डी को ध्या न रखने की आवश्याकता है। उन्हों ने कहा कि डिसीप्ले न यानि अनुशासन, डिटरमिनेशन यानि प्रतिबदधता, डिवोसन यानि समर्पण से हम जीवन में कार्य करेंगे तो डवलपमेन्ट यानि विकास स्वपत: ही हो जाएगा। उन्होंजने कहा कि बच्चोंव को घर का सानिध्यि मिलना आवश्यवक है। बच्चोंग के साथ अभिभावक जीवन्तक संवाद रखे, ताकि वे किसी प्रकार के अवसाद में ना आये।
देवनानी ने कहा बच्चोंक में राष्ट्रघ सेवा की भावना विकसित करनी होगी। उन्होंेने भारतीय संस्कृनति की व्याख्याष करते हुए कहा कि जो व्यसक्ति स्वं्य कमाकर दूसरों को खिलाता है, वह भारतीय संस्कृयति कहलाती है। मंत्रोच्चावर करते हुए बच्चों। को देखकर देवनानी ने कहा कि ऐसी शिक्षा में भारतीयता का दर्शन होता है। उन्हों ने कहा कि अब बदलते परिवेश में बच्चोंश को क यानि कम्यूद टर और ख यानि खगोल पढ़ना सिखाना है। देवनानी ने व्यक्ति निर्माण किये जाने की आवश्ययकता जताई।
समारोह को केदारमल भाला, राजकिशोर मालपानी, कमलकिशोर साबू, मधुसुदन बिहानी और अजय कुमार गुप्ताृ ने भी सम्बोमधित किया। मरूधरा री शान वार्षिक उत्सरव में बच्चोंत ने मनमोहक सांस्कृोतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये।