


आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय भारत सरकार ओर कोयम्बटूर स्मार्ट सिटी के संयुक्त तत्वावधान में 16 दिसंबर 2023 (शनिवार) को एक दिवसीय झील संरक्षण पर कार्यशाला आयोजन किया गया। इस कार्यशाला के लिए देश भर की 100 स्मार्ट सिटीज में से अजमेर सहित उज्जैन, तुमकूर एवं कोयम्बटूर का प्रजेंटेशन के लिए चयन किया गया। चयनीत चारों शहरों ने अपने-अपने यहां झील संरक्षण के लिए किए गए प्रयासों की जानकारियां साझा की।
स्मार्ट सिटी मिशन के आठ वर्ष पूर्ण होने पर देश भर के 75 वाइब्रेंट पब्लिक प्रोजेक्ट में अजमेर स्मार्ट सिटी द्वारा आनासागर मॉडल की प्रजेंटेशन के माध्यम से जानकारी दी गई। जिसमें प्रोजेक्ट्स की परिकल्पना, लागत, चुनौतियां इत्यादि एवं यहां किए गए विकास कार्यों के बारे में विस्तार से बताते हुए आमजन एवं पर्यटकों को होने वाले लाभों से अवगत कराया गया। जिसके आधार पर आनासागर लेकफ्रंट प्रोजेक्ट का राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाली कार्यशाला में चयन किया गया। अजमेर स्मार्ट सिटी द्वारा कोयम्बटूर में प्रजेंटेशन दिया गया। कार्यशाला में सवाल-जबाव के सेशन में पूछे जाने वाले सवालों के जबाव दिए गए। इससे पहले उद्घाटन सत्र में कोयंबटूर की मेयर श्रीमती कल्पना ने दीप प्रज्वलन कर कार्यशाला का शुभारंभ किया।
कोयंबटूर जिला कलक्टर क्रांति कुमार एवं जिला वन अधिकारी ए जयराज ने अपने संबोधन के माध्यम से कार्यशाला की महत्वता के बारे में बताया। स्मार्ट सिटी कोयंबटूर के सीईओ शिवगुरु प्रभाकरन ने उनके यहां किए गए सात झील परियोजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। कार्यशाला में मुख्य संबोधन स्मार्ट सिटी मिशन निदेशक श्री कुणाल कुमार का रहा।
आनासागर विकास कार्यों का दिया प्रजेंटेशन
अजमेर स्मार्ट सिटी के अधीशाषी अभियंता रविकांत शर्मा ने प्रजेंटेशन के माध्यम से जानकारी देते हुए बताया कि ऐतिहासिक आनासागर झील कुछ साल पहले तक प्रदूषण, अतिक्रमण और गंदगी का शिकार थी, लेकिन अब यह झील शहर का एक प्रमुख पर्यटन स्थल बन गई है। यह बदलाव झील को पुनर्जीवित करने के लिए शुरू की गई एक स्मार्ट सिटी परियोजना के माध्यम से आया है। आनासागर झील के पुनरुद्धार को एक प्रमुख और महत्वाकांक्षी परियोजना के रूप में चुना गया ओर उसे विकसित किया। इसके अतिरिक्त अजमेर स्मार्ट सिटी द्वारा अन्य क्षेत्र जैसे चिकित्सा, शिक्षा, इन्फ्रास्ट्रेक्चर विकसित करना, स्वच्छता एवं शहर के विभिन्न पार्क इत्यादि विकसित किए गए। झील के कायाकल्प ने प्रवासी पक्षियों को भी इन जलाशयों की ओर आकर्षित किया है। झील के किनारे-किनारे पाथे वे का निर्माण किया गया, सागर विहार बर्ड पार्क, 7 वंडर पार्क, पुष्कर रोड स्थित लेकफ्रंट बर्ड पार्क, म्यूजिकल फाउंटेन, स्थानीय लोगों के साथ पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। कार्यशाला में अजमेर स्मार्ट सिटी द्वारा किए कार्यों को सराहा गया।