Saturday, 29 August 2026

जवाहर लाल नेहरू चिकित्सलय के ठेका कर्मचारियो ने किया राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन एकीकृत महासंघ ने दिया साथ


जवाहर लाल नेहरू चिकित्सलय के ठेका कर्मचारियो ने किया राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन एकीकृत महासंघ ने दिया साथ

जवाहर लाल मेडिकल कॉलेज के सभागार में जहां सोमवार को राजस्थान को नंबर वन बनाने के लिए  विजन 2030 के तहत कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा था । दुसरी और जेएलएन अस्पताल के आपातकालीन गेट पर मेडिकल कालेज व चिकित्सालय के ठेका संविदा कर्मचारी अपनी मांगो को लेकर आदोलन कर रहे थे। 

अखिल राजस्थान राज्य संयुक्त कर्मचारी महासंघ एकीकृत के अध्यक्ष कान्ती कुमार शर्मा ने बताया कि एकीकृत महासंघ  के बैनर तले जो ठेका पद्धति के लोग हैं चिकित्सा विभाग के अंदर उनकी पांच सूत्री मांगों के लिए  प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज और जेएलएन अधीक्षक  को प्रदर्शन कर ज्ञापन दिया गया।

ज्ञापन में प्रदेश के ठेका संविदा कर्मचारियों की प्रमुख मांग यह है कि प्रदेश में ठेका प्रथा बंद की जाए।

साथ ही चिकित्सा विभाग के अंदर ठेका पद्धति के अंदर कार्य कर रहे हैं चाहे वह चिरंजीवी योजना के अंदर हो चाहे मुख्यमंत्री योजना में हो या फिर  डाटा कम्प्यूटर आपरेटर , सफाई कर्मचारी,चौकीदार हो  जो भी चिकित्सा विभाग से संबंधित है उनके लिए  राजस्थान के  मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बजट में घोषणा की थी उ निविदा ठेका कर्मचारी को  संविदा कर्मचारी घोषित किया जाएगा जो आज तक नहीं हुआ है।

एकीकृत महासंघ के अध्यक्ष शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री ने बजट के अंदर घोषणा की थी की प्रदेश में ठेका प्रथा को बंद किया जाएगा लेकिन दुर्भाग्य से इसके  आदेश आज तक जारी नहीं हुए।

चिकित्सा विभाग में अन्य विभागों के अंदर ठेका पद्धति आज भी जारी है जो तत्काल प्रभाव से मुख्यमंत्री के आदेशों के बावजूद भी बंद नहीं हो रही है उसको बंद कराया जाए और भ्रष्टाचार को बंद किया जाए।

पूरे राजस्थान के अंदर जो चिकित्सा विभाग के जो ठेका पद्धति के अधीनस्थ जो कर्मचारी आते हैं और कार्य करते हैं उनको मात्र एक माह में 7500 प्रतिमा वेतन मिलता है यदि संविदा कर्मचारी घोषित किया गया तो उनका वेतन 13500 हो जाएगा जिससे वह अपना परिवार का भरण पोषण कर सकेंगे उन्हे राजस्थान संविदा रुल 2023 के अन्तर्गत रखा जायेगा।

शर्मा ने कहा कि  जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय के मुख्य द्वार राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन   नारेबाजी कर  ज्ञापन सौंप गए। मंगलवार को काली पट्टी बांध के विरोध किया जाएगा उसके बाद समस्त ठेका कर्मचारी ड्यूटी पर रहते हुए

13 सितंबर को काली पट्टी बांध कर 2 घंटे कार्य का  बहिष्कार कर विरोध प्रदर्शन करेगे।

एकीकत महासंघ ने राज्य  सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि  आम जनता को किसी प्रकार का दुविधा का सामना नहीं पड़े इसलिए इस पर तत्काल संज्ञान  लेकर और उनकी मांग को पूरा करना चाहिए । नही तो इसके लिए  राज्य सरकार दोषी होगी।

अखिल राजस्थान राज्य एकीकृत कर्मचारी महासंघ के पदाधिकारीयों  ने इस आंदोलन को समर्थन दिया जिसमें अध्यक्ष क्रांति कुमार शर्मा , जेएलएन चिकित्सालय कर्मचारी नेता भागचंद योगी,मोहनलाल बिलवाल ,मोहनलाल चंडालिया , दिग्विजय नाथ शर्मा, कैलाश चंद मेहरा , गजेंद्र सिंह राठौड़ ,गोपाल शर्मा ,राजेश कुमार शर्मा , मोहनलाल चौधरी , नवीन शर्मा , शाहिद अहमद ,अरविंद शर्मा जेएलएन चिकित्सा विभाग के समस्त ठेका प्रथा कर्मचारीयों ने  अपनी मांगों के लिए प्रदर्शन किया।

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