


मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि राजीव गांधी ग्रामीण एवं शहरी ओलम्पिक खेलों से गांव-ढाणी की खेल प्रतिभाओं को भी आगे आने का मौका मिल रहा है। इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण देकर अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार किया जाएगा।
उन्होंने कहा वर्ष 2030 तक खेल सहित सभी क्षेत्रों में राजस्थान को नंबर वन राज्य बनाना हमारा विजन है। वर्ष 2030 के विजन डॉक्यूमेंट के लिए आमजन को आगे आकर सुझाव देने चाहिए।
सीएम गहलोत गुरूवार को मुंडिया रामसर में राजीव गांधी ग्रामीण एवं शहरी ओलम्पिक-2023 के अंतर्गत आयोजित ब्लॉक स्तरीय खेल प्रतियोगिता का अवलोकन कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बड़े स्तर पर खेल का माहौल तैयार करने के लिए गत वर्ष राजीव गांधी ग्रामीण ओलम्पिक खेलों का आयोजन किया गया था। इसमें लगभग 30 लाख खिलाड़ियों ने रजिस्ट्रेशन कराया था। यह संख्या इस बार लगभग 60 लाख तक पहुंच गई है। इनमें 25 लाख महिला खिलाड़ी भी शामिल हैं। हर आयु वर्ग के खिलाड़ी इन खेलों में भाग ले रहे हैं।
इस अवसर पर सीएम गहलोत ने 10 करोड़ रुपए की लागत से रामप्रताप कटारिया स्टेडियम बनाए जाने की घोषणा की। इस दौरान सीएम गहलोत ने महिलाओं के रस्साकशी तथा कबड्डी मैच भी देखे एवं खिलाड़ियों से मिलकर उनका उत्साहवर्धन किया।
कृषि मंत्री लालचंद कटारिया ने कहा कि राज्य में खिलाड़ियों को बेहतरीन अवसर मिल रहे हैं। राज्य सरकार की नीतियों से प्रदेश में उत्कृष्ट खेल ढ़ांचा तैयार हो रहा है। युवा मामलात एवं खेल राज्यमंत्री श्री अशोक चांदना ने कहा कि राज्य सरकार के ऐतिहासिक निर्णयों से प्रदेश में खेलों को प्रोत्साहन मिला है। अन्य राज्य भी प्रदेश की खेल नीतियों का अनुसरण कर रहे हैं।
समारोह में विधायक श्रीमती गंगा देवी, आलोक बेनीवाल, गोपाल मीणा एवं अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी राजू ढ़ाका, हीरानंद कटारिया, दीपक हुड्डा, कमल किशोर पारीक, सदा राठौड़ सहित अन्य जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी, खिलाड़ी एवं खेलप्रेमी उपस्थित थे।