


भाजपा की राष्ट्रीय सचिव डॉ. अल्का गुर्जर ने भीलवाडा के नरसिंहपुरा में एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या मामले में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि यह घटना शर्मनाक और पीडादायक है। प्रदेश के मुख्यमंत्री गहलोत खुद गृहमंत्री भी है इसलिए महिला उत्पीडन और दुष्कर्म की घटनाओं पर उन्हे जवाब देना चाहिए। बीते पौने पांच सालों में महिला अपराधों में 46 प्रतिशत की बढोतरी वाकई सोचनीय और चिंताजनक है।
राष्ट्रीय सचिव डॉ. अल्का गुर्जर ने कहा कि भीलवाडा की यह घटना पूर्व के तंदूर कांड की याद दिलाती है। मृतका के परिजनों ने बताया कि मासूम बालिका बकरियां चराने जाती थी जिसके साथ दुष्कर्म करके हत्या की जाती है। उसके बाद तथ्यों को मिटाने के लिए शव को भट्टी में डाल दिया जाता है। प्रदेश में निरंतर घट रही ऐसी तमाम घटनाएं कांग्रेस सरकार का चाल चरित्र और चेहरे को दर्शाती हैं।
राष्ट्रीय सचिव डॉ. अल्का गुर्जर ने कहा कि आखिर महिलाओं की सुरक्षा का जिम्मा कौन लेगा। घर, अस्पताल, स्कूल, बाजार, एंबुलेंस, खेत और पुलिस थानों तक में सुरक्षित नहीं है। प्रदेश के गृहमंत्री की जिम्मेदारी संभाल रहे मुख्यंमंत्री गहलोत महिला अपराधों पर कुंभकर्णी नींद से आखिर कब जागेंगे।
डॉ. अल्का गुर्जर ने कहा कि मुख्यमंत्री गहलोत से कानून व्यवस्था संभल नहीं रही और प्रदेश को सौगात देने की बात करते हैं। वोट बटोरने की खातिर सौगातों का पांखंड बंद करें और प्रदेश की बदहाल कानून व्यवस्था को संभाले। मुख्यमंत्री गहलोत के भीतर यदि थोडी भी नैतिकता बची है तो बिगडती कानून व्यवस्था और बढते महिला अपराधों की जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा दें।