


स्वायत्त शासन मंत्री शान्ती कुमार धारीवाल ने मंगलवार को विधानसभा में कहा कि जेसीटीएसएल द्वारा जयपुर शहर में 100 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन के लिए अनुबंध किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2023-24 की बजट घोषणा में भी जयपुर शहर में 300 बसों की घोषणा की गई है, जिसमें 100 मिडी बसें शामिल हैं। उन्होंने बताया कि इन बसों के टेन्डर की कार्रवाई सर्विस मॉडल पर करने की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है।
भाजपा के विधायक कालीचरण सराफ ने कहा कि जब उन्होंने 2019 में सवाल पूछा था तो जवाब मिला था कि सरकार 600 नई बसें लगाएगी । लेकिन अब मात्र 300 नई बसें लगाने की बात कही जा रही है। उन्होंने कहा कि पहले वाले निर्णय को क्यों बदला गया।
स्वायत्त शासन मंत्री धारीवाल ने प्रश्नकाल के दौरान इस संबंध में सदस्यों द्वारा पूछे गये पूरक प्रश्नों का जवाब देते हुए कहा कि जयपुर शहर में नगरीय बस सेवा के लिए जारी 209 परमिट में से जेसीटीएसएल द्वारा 200 बसें संचालित की जा रही हैं। इनमें 130 मिडी बसें हैं, तथा 70 लो फ्लोर बसें हैं। उन्होंने बताया कि निजी बसों के लिए 2 हजार 291 परमिट जारी हुए हैं, जिनमें से 2 हजार 40 बसें वर्तमान में चल रही हैं।
स्वायत्त शासन मंत्री धारीवाल ने कहा कि जयपुर शहर में मेट्रो के दूसरे रूट को शुरू करने से यातायात की व्यवस्था और सुगम हो सकती है, लेकिन केन्द्र सरकार की कुछ शर्तों के कारण मेट्रो का अन्य रूट शुरू करने के लिए केन्द्र सरकार से मदद नहीं मिल पा रही है।
इससे पहले स्वायत्त शासन मंत्री ने भाजपा विधायक कालीचरण सराफ के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में बताया कि जयपुर शहर में वर्तमान में परिवहन विभाग द्वारा नगरीय सेवा के लिए 209 परमिट एवं मिनी बसों के लिए 2291 परमिट जारी किए हुए हैं। उन्होंने बताया कि इनमें जेसीटीएसएल द्वारा वर्तमान में 200 लो-फ्लोर बसें संचालित की जा रही हैं एवं निजी वाहन मालिकों द्वारा 2040 मिनी बसों का संचालन किया जा रहा है।
श्री धारीवाल ने बताया कि यथा सम्भिव मापदण्डों के अनुसार बसों के संचालन की व्यमवस्थाक की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि बसें खरीदने हेतु टेंडर प्रक्रियाधीन है।