


मुख्यमंत्री अशोक गहलोत गुरुवार को अधिकारियों की बैठक लेकर शाम 6:00 बजे कमरे में जा रहे थे कि उनका पैर फिसल गया और नुकीली से पैर के अंगूठे चोट आई । सीएम गहलोत को तत्काल सवाई मानसिंह अस्पताल की इमरजेंसी में लाया गया। जहां पर डॉक्टरों की टीम ने लगभग 1 घंटे अस्पताल में इलाज किया गया और वापस रात 8:00 बजे सीएम गहलोत को इलाज करने के बाद छुट्टी दे दी गई और वे मुख्यमंत्री निवास चले गए। डॉक्टरों ने सीएम गहलोत को 1 सप्ताह घर पर रहकर आराम करने की सलाह दी है।
गुरुवार को शाम 6:00 बजे मुख्यमंत्री निवास पर जब सीएम गहलोत बैठक ले रहे थे और बैठक समाप्त होने के बाद उनकी कोई नुकीली चीज चुभ गई जिससे पैर के नाखून में चोट आई है और माइनर फ्रैक्चर हुआ है। एसएमएस अस्पताल इमरजेंसी में उन्हें लाया गया जहां डॉक्टर ने एक्स-रे, ईसीजी और सभी चेकअप किए। इसके बाद पैर के नाखून जख्मी हो गया उसकी ड्रेसिंग की गई उसके कारण चलने फिरने में दिक्कत आ रही है।
सीएम गहलोत के ओएसडी लोकेश शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि सीएम गहलोत पूरी तरह से ठीक है। उनके पैर में मामूली चोट आई है और जनरल फिजिशियन की टीम ने उनकी पूरी देख रखी है। एसएमएस के अस्पताल के प्रिंसिपल डॉ राजीव बगरहट्टा और हड्डी विशेषज्ञ मौजूद रहे।
एसएमएस अस्पताल के प्रिंसिपलडॉ राजीव बगरहट्टा मैं सीएम के बारे में हेल्थ बुलेटिन जारी करते हुए बताया कि सीएम के बाएं पैर का नाखून उठाता उसे प्लास्टिक सर्जन डॉ राकेश जैन ने ठीक करके जोड़ दिया है। सीएम गहलोत के दाएं पैर में भी चोट बताई है जिसे ऑर्थोपेडिक को दिखाया गया। उन्होंने एक्स-रे कराने के बाद बताया कि 7 दिन आराम की जरूरत है उसके बाद फिर चेकअप किया जाएगा। सीएम गहलोत को रात 8:00 बजे छुट्टी दे दी गई और वह वापस अपने सरकारी निवास पर पहुंच गए हैं।
सीएम गहलोत के साथ कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, जलदाय मंत्री डॉ महेश जोशी,सीएम की पत्नी सुनीता गहलोत, पुत्र वधू हिमांशी गहलोत और पोती अस्पताल पहुंची।