


प्रतिपक्ष के नेता राजेंद्र राठौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कई बार सार्वजनिक मंचों से यह आरोप लगाया है कि मानेसर गए विधायकों को बड़ी धनराशि दी गई थी पूरा उन्होंने अपने विधायकों से कहा था कि जो धनराशि खर्च हो गई है वह मैं दे दूंगा एआईसीसी से दिलवा देंगे। लेकिन शेष पैसा जहां से आया उन्हें लौटा दे।
प्रतिपक्ष के नेता राठौड़ ने कहा कि मैं मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से कहना चाहूंगा कि राजस्थान में ही ही आई हुई है उनके पास सोर्स है कि काला धन कहां से आया। को वह ईडी को काले धन के स्रोत के बारे में जानकारी दे दें । उन्होंने कहा कि वे बिना मतलब ही ईडी की कार्रवाई की चिंता कर रहे हैं उन्हें तो आगे बढ़कर ईडी को सबूत सौंपने चाहिए।
प्रदेश भाजपा मुख्यालय पर बुधवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए प्रतिपक्ष के नेता राठौड़ ने कहा कि ईडी की कार्रवाई को लेकर जिस तरह से कांग्रेस विरोध प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने कहा कि यह सब कुछ गलत है देश के संविधान में केंद्र और राज्य की किसी भी एजेंसी के काम में बाधा डालना पूरी तरह संघवाद का कमजोर करने की तरह है। प्रतिपक्ष के नेता ने कहा कि रीट के मामले में माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के तत्कालीन अध्यक्ष डॉ डीपी जारोली ने उस समय कहा था कि मुझे तो बलि का बकरा बनाया जा रहा है। इस मामले के तार तू कहीं और से जुड़े हुए हैं रीट की परीक्षा के सुपर विजन की जिम्मेदारी राजीव गांधी सर्किल से जुड़े लोगों को दी गई। जिसका उन्हें कोई अधिकार नहीं था। उन्होंने कहा कि जिस बाबूलाल खटारा को सरकार ने आरपीएससी का सदस्य बनाया उसने स्वीकार किया कि डेढ़ करोड़ रुपए दिए हैं। ऐसे में ईडी गई है अब जांच में दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा। उन्होंने कहा कि यही कारण है कि आज कांग्रेस बौखलाई हुई है। उन्होंने कहा कि 19हजार किसानों की जमीन कुर्क हुई है। उन्होंने कहा कि 6 लाख किसान ऐसे जिनके कमर्शियल बैंक के ऋण बाकी है उनका एक पैसा भी माफ नहीं हुआ है। 113000 किसान ऐसे हैं जिनके खाते एनपीए हो गए और उनकी जमीन अब नीलाम होगी। लेकिन गहलोत सरकार ने उनके रोकने के लिए कुछ भी नहीं किया है।