


भाजपा प्रदेश महामंत्री और सांसद दीया कुमारी ने कहा आज फिर से राजस्थान को शर्मसार होना पड़ा डूंगरपुर में छह बच्चियां से एक साथ दुष्कर्म की घटना सामने आई। जिसमे प्रिंसिपल लगातार बच्चियों के साथ दुष्कर्म कर रहा है, जिस तरह से प्रिंसिपल को गिरफ्तार का निलंबित किया है । अभी हाल ही में बालोतरा में एक महिला को जिंदा जलाया राजस्थान के किसी भी हिस्से की बात करते हैं तो वहां पर दुष्कर्म की घटनाएं सामने आ रही हैं। प्रदेश में महिलाएं, बच्चियां स्कूलों एंबुलेंस सड़कों पर कहीं भी सुरक्षित नहीं है, अस्पतालों में और यहां तक कि घर में भी सुरक्षित नहीं है।
भाजपा मुख्यालय पर रविवार को सांसद दिया कुमारी और जसकौर मीणा ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए आरोपी प्रिंसिपल को निलंबित कर दिया लेकिन वहां के अधिकारियों पर कोई एक्शन नहीं लिया गया। उन्होंने कहा कि किसी प्रिंसिपल की इतनी हिम्मत नहीं हो सकती. निश्चित ही उसको किसी बड़े अधिकारी या नेता का संरक्षण है। उन्होंने कहा कि आज राजस्थान में कांग्रेस सरकार को किसी का भी डर नहीं है विधायक कांग्रेस के चाहे हारे हुए हो चाहे जीते हुए अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में जिलों में मुख्यमंत्री बनकर बैठे हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की अंदरूनी लड़ाई से राजस्थान की जनता को नुकसान हो रहा है और मुख्यमंत्री राहत की बात कर रहे हैं जो जनता को राहत होनी चाहिए थी उसका तो हाल बेहाल है और जब चुनाव नजदीक आए तो मुख्यमंत्री जी झूठी रेवड़ी बांटने में लगे हैं।
कांग्रेस सरकार महिलाओं के अत्याचार और उत्पीड़न को देखकर आंख बंद करके बैठी है: जसकौर मीणा
भाजपा सांसद जसकौर मीणा ने कहा आज हम सबको महिलाओं के प्रति संवेदनशील होकर एक मुहिम चलानी चाहिए डूंगरपुर में हुई घटना के आरोपी प्रिंसिपल को कठोर से कठोर सजा मिलनी चाहिए राजस्थान में 2022 में 7 हजार 93 दुष्कर्म के मामले सामने आए बाकी ऐसे कितने मामले होंगे जो रिकॉर्डेड नहीं है. लेकिन किसी भी अपराधी के ऊपर कानून का डंडा नहीं चला इस कारण अपराधी निर्भीक और निडर होकर होकर दुष्कर्म की घटनाएं करते हैं आज राजस्थान का आलम है अपराधियों में विश्वास आमजन में भय।
जसकौर मीणा ने कहा अभी हाल ही में हुई बालोतरा की घटना आश्चर्यजनक है महिला के ऊपर ज्वलनशील पदार्थ डाला गया और एफ़आइआर करने से भी रोका गया पीड़िता का इलाज भी वहां नहीं हुआ जोधपुर रेफर करना पड़ा होगी यही स्थिति आज राजस्थान में कांग्रेस सरकार की है।