


कांग्रेस की धरोहर के रूप में सचिन पायलट इन दिनों कांग्रेस के स्टार प्रचारक के रूप में नागालैंड और मणिपुर में हो रहे विधानसभा का चुनाव में पार्टी का चुनावी प्रचार प्रसार करने में लगे हुए हैं। वहीं दूसरी ओर उन्हें अपने प्रदेश राजस्थान में अपनी पार्टी में राजनीतिक चुनौतियों का सामना करने को मजबूर होना पड़ रहा है।
कहने को तो कांग्रेस प्रभारी सुखविंदर सिंह रंधावा ने उन्हें युवा नेता कहकर पार्टी का खास व्यक्ति बताया है। इन दिनों प्रभारी रंधावा ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को सलाह देते हुए कहा है कि वह सचिन के पास जाकर बातचीत करें और क्या गिले-शिकवे है उन्हें दूर करने का प्रयास करें। उनका कहना है कि सीएम गहलोत पार्टी के मुखिया हैं ऐसी स्थिति में उन्हें सचिन और अन्य नाराज पार्टी के नेताओं के पास जाकर यह जानना चाहिए कि उन्हें किस बात की नाराजगी है और कैसे उसे दूर की जा सकती है। प्रभारी रंधावा की सलाह क्या सीएम गहलोत मानेंगे और आने वाले दिन में वे सचिन पायलट और अन्य नाराज नेताओं के पास जाकर पार्टी को मजबूत करने का काम करेंगे या नहीं यह तो आने वाला समय ही बताएगा! लेकिन इन दिनों यह चर्चा जोरों पर है कि सचिन पायलट को पार्टी ने स्टार प्रचारक बनाकर उन्हें पार्टी का प्रचार प्रसार करने के लिए भेजा हुआ है । इससे पहले वे बेंगलुरु में मोदी और डाली के संबंधों को लेकर गए थे। उन्होंने वहां पर भी पार्टी का मजबूती के साथ पक्ष रखकर तहलका मचाया।
लेकिन पायलट का राजनीतिक भविष्य राजस्थान में ही अधर में लटका हुआ है, जहां से उनके राजनीतिक भविष्य की दिशा तय होनी है। सीएम गहलोत से उनकी अदावत किसी से छिपी नही है साथ ही बयानों के जरिए कई बार भाषा की मर्यादा भी टूटी हैं लेकिन केन्द्रीय नेतृत्व सचिन पायलट की क्षमताओं को नजर अंदाज नहीं कर रहा है और दक्षिण से लेकर नार्थ-ईस्ट के चुनावी राज्यों में उनकी भूमिका स्टार प्रचारक की है।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी 22 फरवरी को पार्टी की ओर से चुनाव प्रचार करने के लिए पहुंच रहे हैं और वो यहां अपनी पहली रैली को संबोधित करेंगे। वहीं शिलॉन्ग में पत्रकारों से बात करते हुए सचिन पायलट ने कहा कि हमारे पास भाजपा की बराबरी करने के लिए भले ही संसाधन नहीं हैं, लेकिन हमारे पास लोगों की इच्छा, समर्थन और हमारे मतदाताओं का आशीर्वाद है. उन्होंने कहां की“इसलिए, मुझे लगता है कि हम बहुत अच्छा करेंगे और अगली सरकार जो बनेगी वो कांग्रेस की होगी और दूसरे राज्यों में भी हम बहुत अच्छा कर रहे हैं।