


क्रिश्चयनगंज थाना प्रभारी करण सिंह की हत्या के प्रयास मामले में गिरफ्तार आरोपी प्रवीण सिंह को बुधवार सुबह कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेजने के आदेश दिए । आरोपी प्रवीण जैसलमेर पुलिस अधीक्षक भंवर सिंह नाथावत का बेटा है।
मामला 26 जनवरी का है। आईजी के निर्देश पर इसकी रिपोर्ट 29 जनवरी को दर्ज हुई। मंगलवार रात प्रवीण अपने भाई के साथ कोतवाली थाने के बाहर पहुंचा। स्पेशल टीम के हेड कॉन्स्टेबल मनोहर सिंह और सिपाही महिपाल से संपर्क किया। पुलिस के दोनों जवान वहां पहुंचे और प्रवीण ने खुद को पुलिस के हवाले किया। प्रवीण ने पूछताछ में बताया कि वह पुलिस के द्वारा अलग-अलग जगहों पर दबिश देने के कारण जयपुर, जोधपुर, सीकर सहित कई जिलों में फरारी काट रहा था। बुधवार को प्रवीण को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
क्रिश्चियनगंज थाना प्रभारी करण सिंह 26 जनवरी को पृथ्वीराज नगर क्षेत्र में साइकिलिंग कर रहे थे। भैरूबाड़ा चौराहा के सामने स्थित सतगुरु इंटरनेशनल स्कूल के पास सुनसान सड़क पर एक स्विफ्ट डिजायर कार में युवक और युवती बैठे शराब पी रहे थे। संदिग्ध लगने पर करण सिंह ने उससे पूछताछ की। युवक ने खुद का नाम प्रवीण नाथावत बताया। साथ ही, कहा कि मेरे पापा भंवर सिंह नाथावत एसपी हैं। मेरे जीजा भी थानेदार हैं। आरोप है कि युवक ने गाली देते हुए धमकी दी। कहा- तेरे जैसे बहुत सीआई देखे हैं। तू मेरे को जानता नहीं है। मेरा नाम भी प्रवीण नाथावत है।
युवक ने गाड़ी तेज चलाकर साइकिल को टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया। करण सिंह बाल-बाल बच गए। प्रवीण गाड़ी को तेज गति से चलाता हुआ भैरूबाडा चौराहे की तरफ भाग गया। फिर अपने साथ बैठी लड़की को छोड़कर वापस आया। उसने कहा- जीजा कंवर पाल सिंह भी थानेदार हैं। मेरा नाम प्रवीण नाथावत है। तेरे को जो करना है, वो कर लेना। घटना 26 जनवरी की थी, मामला 29 जनवरी को दर्ज हुआ।