


राजस्व मंत्री रामलाल जाट ने कहा कि धुवांकला संत की धरती है, यहां हमें शांति, प्रेम एवं भाइचारे का एहसास होता है। युवा पीढ़ी को धन्ना भगत के आदर्श एवं समपर्ण भाव को जीवन में आत्मसात करने की आवश्यकता हैं। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा राजस्व महकमे में बदलावों की जानकारी देते हुए कहा कि तहसीलों में राजस्व कार्य ऑनलाइन हो जाने से किसानों को नामान्तरण खोलने, नकलें प्राप्त करने के लिए तहसीलदार और पटवारी के दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
टोंक जिले के देवली उपखंड के ग्राम धुवांकला स्थित संत धन्ना भगत की तपोस्थली पर स्थित धन्ना पीठाधीश्वर बजरंग देवाचार्य महाराज के सानिध्य में बनाई जा रही धन्ना भगत जी की नाड़ी के जीर्णोद्वार का रविवार को प्रदेश के राजस्व मंत्री रामलाल जाट और जनसंपर्क मंत्री अशोक चांदना ने शिलान्यास किया।
राजस्व मंत्री जाट ने कहा कि सर्वे-रिसर्वे के कार्य से सारी जानकारी मोबाइल पर सुलभ हो सकेगी। इससे हर खेत की नाप स्वतः हो जाएगी। जाट ने कहा कि प्रदेश में कई स्थानों पर ओलावृष्टि, पाला और शीतलहर से रबी की फसलों के हुए नुकसान का आकलन करने के लिए विशेष गिरदावरी के निर्देश दिए गए हैं। भविष्य में गिरदावरी किसान स्वयं कर सकें, इसके लिए शीघ्र ही नया ऐप शुरू किया जाएगा। किसान अपने खेत में जाकर फसल खराबे का फोटो लेकर डाल सकेगा, ताकि सरकार से राहत जल्दी मिल सकेगी। राजस्व मंत्री रामलाल जाटने धारा 251 अ के बारे में किसानों को सही जानकारी होने की बात कही, ताकि अगर किसान के खेत में जाने का रास्ता नहीं है तो 90 दिन की समय सीमा में राहत दी जा सके। सरकार किसानों के हित में ऐसे कई पुराने कानून जो आज अप्रासंगिक हो गये है तथा इनसे राजस्व के कामों में अड़चन आती है उन्हें बदलने का प्रयास किया जा रहा है। इससे किसानों के काम पारदर्शी एवं त्वरित गति से हो सकेंगे।
जनसंपर्क मंत्री अशोक चांदना ने कहा कि धर्म व शिक्षा हमें सद्मार्ग पर चलना सिखाते हैं। संत धन्ना भगत जी की वाणी से हमें भाईचारे व सद्भाव की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने कहा कि मानवता की सेवा ही सच्ची सेवा है।
राजस्व मंत्री रामलाल जाट एवं जनसंपर्क मंत्री अशोक चांदना ने संत धन्ना भगत जी की तपोभूमि में विकास कार्यों के लिए अपना एक माह का वेतन देने की घोषणा की। साथ ही सरकार की तरफ से हर संभव सहयोग करने का भरोसा दिलाया।