


ओडिशा के स्वास्थ्य मंत्री नब किशोर दास की रविवार को गोली मारकर हत्या कर दी गई। उन्हें दोपहर 1 बजे झाड़सुगड़ा के ब्रजराजनगर में एक सहायक उप निरीक्षक ने गोली मार दी थी। दास को सीने में दो गोली लगी थी, जिसके बाद उन्हें एयरलिफ्ट करके इलाज के लिए भुवनेश्वर के अपोलो अस्पताल लाया गया था। घटना के करीब 7 घंटे बाद इलाज के दौरान दास की मौत हो गई।
घटना के दौरान स्वास्थ्य मंत्री नब किशोर दास ब्रजराजनगर में एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। कार की अगली सीट पर बैठे दास अपने समर्थकों से मिलने के लिए जैसे ही नीचे उतरे एएसआई ने उनके सीने में दो गोली दाग दी। खून से लथपथ दास कार के पास ही गिर पड़े। घटनास्थल पर मौजूद उनके समर्थकों ने उन्हें पकड़ा और एंबुलेंस बुलाकर अस्पताल भेजा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ओडिशा के सीएम नवीन पटनायक ने उनकी मौत पर दुख जताया है।
पुलिस ने फायरिंग करने वाले एएसआई गोपालदास को हिरासत में ले लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है, लेकिन अभी तक आरोपी ने हमले की वजह नहीं बताई है।
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो स्वास्थ्य मंत्री नब किशोर दास पर फायरिंग करने वाला एएसआई गोपाल दास मानसिक रूप से बीमार है, जिसका वो 7-8 साल से इलाज करा रहा है। यह बात गोपाल की पत्नी जयंती ने कही है। जयंती का कहना है कि दवा लेने के बाद ही गोपाल सामान्य व्यवहार करता है। उन्होंने कहा- मुझे घटना की जानकारी न्यूज से ही मिली थी। वो पांच महीने पहले घर आया था। रविवार सुबह मेरी और बेटी की उससे वीडियो कॉल पर बात हुई थी। इसके बाद बात नहीं हुई।