


आखिर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. सीपी जोशी ने राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने का निर्णय किस आधार पर लिया। यह बात तो मैं खुद ही स्पष्ट कर सकते हैं।अब यहां यह सवाल उठता है कि क्या आने वाले समय में डॉ. जोशी विधानसभा अध्यक्ष पद छोड़कर सक्रिय राजनीति में भाग लेने वाले हैं !
मौजूदा स्थिति में किसी राजनेता के साथ भारत जोड़ो यात्रा में जाने से प्रतिपक्ष उन पर सवाल उठाएगा कि उन्हें राहुल गांधी के साथ यात्रा करने का क्या मकसद है ? सवाल चाहे जो कुछ भी हो लेकिन उन्होंने राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा में कदम से कदम मिलाने का फैसला किया है और वे इस यात्रा में उनके साथ चलकर यह जता दिया है कि वे आने वाले समय में क्या कुछ कर सकते हैं !
राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा मैं डॉक्टर जोशी के साथ उनके समर्थित कहे जाने वाले कृषि मंत्री लालचंद कटारिया, सहकारिता मंत्री उदय आंजना ,उच्च शिक्षा राज्य मंत्री राजेंद्र यादव के साथ ही कांग्रेस विधायक दिव्या मदेरणा और रोहित बोहरा मौजूद रहे ।
शनिवार को भारत जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल गांधी ने कांग्रेस की विधायक दिव्या मदेरणा को गले से लगाया और उनके साथ काफी देर तक बातचीत की । इस बातचीत में दिव्या मदेरणा ने राहुल गांधी से क्या कुछ कहा वह खुद ही बता सकती हैं। लेकिन यह बातचीत निश्चित तौर पर राजस्थान आने वाले समय में क्या कुछ हो सकता है इसके संकेत देती है।
राजस्थान में 25 सितंबर को हाईकमान के खिलाफ बगावत करने और विधायकों द्वारा दिए गए इस्तीफे के बाद डॉ.सीपी जोशी कि राहुल गांधी से मुलाकात का क्या कुछ मतलब निकलता है। यह तो वह खुद ही बता सकते हैं कि डॉक्टर जोशी और राहुल गांधी के बीच क्या कुछ बातचीत हुई है और उसका क्या आने वाले समय में प्रदेश की राजनीति पर प्रभाव पड़ेगा। अब चाहे कोई कुछ भी कहो लेकिन यह बात सही है कि राजनीतिक तौर पर राहुल गांधी और सीपी जोशी की मुलाकात निश्चित तौर पर आने वाले नए समीकरणों जन्म देती है। राहुल गांधी सोमवार को गुजरात के चुनावी दौरे पर भी जाने वाले हैं जहां पर गुजरात के पर्यवेक्षक और मुख्यमंत्री अशोक गहलोत उनकी चुनावी सभा की जोर-शोर से तैयारियों में लगे रहे हैं। उन्होंने रविवार को चुनावी सभाओं की तैयारियों का कांग्रेस के संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल और गुजरात के प्रभारी डॉ रघु शर्मा के साथ जायजा लिया । उनके साथ खान मंत्री प्रमोद भैया जैन भी मौजूद रहे ।
21 नवंबर की दोपहर में राहुल गांधी गुजरात में सीएम गहलोत से मुलाकात करेंगे। दोनों साथ में सूरत और राजकोट में चुनावी जनसभाएं करेंगे। एक ही विमान में साथ ट्रैवल भी दोनों नेता करेंगे। इस दौरान सीएम गहलोत से राहुल गांधी की चर्चा होगी। संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल और गुजरात प्रभारी डॉ रघु शर्मा सहित कई सीनियर कांग्रेस नेता इस दौरान मौजूद रहेंगे। शाम 4.15 बजे राहुल गांधी, सीएम गहलोत, डॉ रघु शर्मा सूरत से विशेष विमान से राजकोट जाएंगे। शाम 5 बजे तीनों नेता राजकोट पहुंचेंगे। राजकोट में भी राहुल गांधी ,सीएम गहलोत और डॉ रघु शर्मा जनसभा को संबोधित कर चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवारों के पक्ष में मतदान करने और सत्ता परिवर्तन की अपील गुजरात के मतदाताओं से करेंगे।
राहुल गांधी और सीएम गहलोत की 21 नवंबर को होने वाली मुलाकात से क्या राजनीति हलचल होगी और उसका परिणाम क्या होगा अभी कोई बता नहीं सकता है। राजनीतिक गलियारे में इस बात की चर्चा है कि अब राजस्थान के राजनीतिक हालात में शीघ्र बदलाव आएगा । यह राजनीतिक बदलाव निश्चित तौर पर किस के भाग्य का फैसला होगा यह अभी कोई बता नहीं सकता है ! लेकिन चर्चाएं जोरों पर है कि निश्चित तौर पर कुछ होने वाला है ? इस सबके बावजूद ऐसा लगता है कि आने वाले समय में राजस्थान की बदली सूरत नजर आ सकती है !