


राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा ‘‘आपदा मित्र‘‘ योजना के अन्तर्गत राज्य से 13 जिलों में 4700 स्वयं सेवकों को एसडीआरएफ के माध्यम से ‘‘आपदा राहत प्रशिक्षण‘‘ दिया जा रहा है। इस प्रशिक्षण का उद्देष्य राज्य में आने वाली प्राकृतिक व मानवजनित विभिन्न आपदाओं यथा बाढ़, भूकम्प, आगजनी आदि के दौरान किये जाने वाले आपदा राहत कार्यो में आपदा राहत एवं बचाव दलों के सहायतार्थ स्वयंसेवकों को तैयार किया जाना है।
एसडीआरएफ एडीजी सुष्मित बिश्वास ने बताया कि यह प्रशिक्षण कुल तीन चरणों में दिया जा रहा है। जिसके प्रथम व द्वितीय चरण 31 अक्टूबर से चार संभाग मुख्यालय (बीकानेर 300, भरतपुर 300, जोधपुर 500, कोटा 300) तथा दो जिला मुख्यालय (नागौर 500, अलवर 500) में प्रारंभ हो चुका है। जयपुर (500) एवं अजमेर (300) संभाग मुख्यालय पर क्रमषः दिनांक 14 नवम्बर व 21 नवम्बर से प्रारंभ किया जाना प्रस्तावित है। तृतीय चरण में 05 जिला मुख्यालय (बाड़मेर 300, जालोर 300, झालावाड़ 300, पाली 300, सिरोही 300) में 26 दिसम्बर से शुरू करना प्रस्तावित है।
एडीजी बिश्वास ने बताया कि यह प्रशिक्षण प्रत्येक स्थान पर कुल 90 (30-30-30 तीन बैच) प्रशिक्षणार्थियों की संख्या में दिया जा रहा है। 13 जिलों में 30-30 केे कुल 157 बैचों को प्रशिक्षण दिये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्रशिक्षण के रूप में बल के डिप्टी कमाण्डेंट से कांस्टेबल स्तर के 21-22 अधिकारी व कर्मचारी प्रति प्रशिक्षण संस्थान पर कार्यरत है। प्रशिक्षण को सुचारू रूप से चलाने के लिए राज्य आपदा प्रतिसाद बल, राजस्थान से कमाण्डेन्ट श्री राजकुमार गुप्ता के निर्देशन में प्रत्येक प्रशिक्षण स्थान पर प्लाटून कमाण्डर से सहायक कमाण्डेंट रैंक के अधिकारियों को प्रशिक्षण प्रभारी बनाया गया है।
जिला मुख्यालय के जिला कलक्टर के निर्देशन में जिला नोडल अधिकारी के रूप में प्रशिक्षण संस्थान संबंधित व्यवस्था हेतु एक-एक नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। आपदा राहत प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षणार्थियों को आपदा के समय प्राथमिक उपचार, बाढ़ बचाव, रोप रेस्क्यू संबधित एवं इसके अतिरिक्त आपदा के समय किये जाने वाले राहत कार्यो के बारे में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षण उपरांत आपदा के समय आपदा राहत एवं बचाव दल के साथ आपदा मित्र योजना के तहत प्रशिक्षण प्राप्त स्वयं सेवक मिलकर अधिक से अधिक आपदा राहत कार्य कर आपदा से होने वाली जन-धन हानि को कम से कम किया जाना है।
आपदा मित्र योजना के अन्तर्गत राज्य आपदा प्रतिसाद बल, राजस्थान द्वारा स्वयं सेवकों को दिये जाने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम में 31 अक्टूबर से 12 नवम्बर तक कोटा में 69, अलवर में 58 भरतपुर में 78 नागौर में 60 तथा जोधपुर में बीकानेर में 40-40 कुल 345 स्वयंसेवकों को आपदा मित्र के रुप में प्रशिक्षण दिया जा रहा है