Saturday, 29 August 2026

संतुलित आहार और नियमित व्यायाम से बीमारियों की जोखिम कम होती है: योगेन्द्र दुर्लभजी


संतुलित आहार और नियमित व्यायाम से बीमारियों की जोखिम कम होती है: योगेन्द्र दुर्लभजी

संतोकबा दुर्लभजी मेमोरियल हॉस्पिटल एवं मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट के सचिव योगेंद्र दुर्लभजी ने कहा कि संतुलित आहार एवं नियमित व्यायाम से बीमारियों की जोखिम कम होती है। 

संतोबा के सचिव योगेंद्र दुर्लभजी शनिवार को अजमेर प्रवास के दौरान  नियमित व्यायाम संतुलित आहार एवं बीमारी के प्रति जागरूकता विषय पर पत्रकारों से औपचारिक बातचीत कर रहे थे उन्होंने कहा कि वर्तमान आज के आधुनिक युग में भागदौड़ की जिंदगी व्यस्त दिनचर्या एवं जीवन शैली एवं जंक फूड के कारण बीमारियों की जोखिम बढ़ती जा रही है। 

उन्होंने कहा कि एक संतुलित आहार बनाए रखते हुए और शरीर द्वारा आवश्यक सभी पोषक तत्वों को पूरा करने को ध्यान में रखते हुए एक स्वस्थ जीवन शैली प्राप्त की जा सकती है। एक उचित आहार योजना शरीर के आदर्श वजन को प्राप्त करने और मधुमेह, हृदय और अन्य प्रकार के कैंसर जैसी पुरानी बीमारियों के जोखिम को कम करने में मदद करती है।

योगेंद्र दुर्लभजी का मानना है कि एक स्वस्थ आहार खाना बहुत अच्छा महसूस करना है, अधिक ऊर्जावान होना, अपने स्वास्थ्य में सुधार होना और मनोदशा को प्रोत्साहित करना है। अच्छा पोषण, शारीरिक गतिविधि और स्वस्थ शरीर का वजन व्यक्ति के संपूर्ण स्वास्थ्य और कल्याण के लिए आवश्यक अंग है।शारीरिक रूप से सक्रिय रहने से कई स्वास्थ्य समस्याएं प्रबंधित होती है और तनाव, अवसाद और दर्द को कम करके मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है। नियमित व्यायाम चयापचय सिंड्रोम, आघात, उच्च रक्तचाप, गठिया और व्याकुलता को रोकने में मदद करता है।

डॉ. अनुराग गोविल ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि रीसेंट एडवांटेज एडवांसेज इन जी आई एंडोस्कोपी एवं डॉ राजेश भोजवानी ने एडवांटेज इन डाइजेस्टिव सर्जरी पर जानकारी दी।

 डॉ राजेश भोजवानी का मानना है कि  स्वस्थ भोजन ऊर्जा बढ़ाता है, आपके शरीर के कार्यों के तरीके में सुधार करता है, आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करता है और वजन बढ़ने से रोकता है। अन्य भी प्रमुख लाभ हैं। 

संतोकबा दुर्लभजी मेमोरियल हॉस्पिटल एवं मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट के डॉ पीयूष माथुर ने बताया कि अंग दान से बड़ा कोई ध्यान नहीं है हमें समाज में अंगदान के लिए जागरूकता पैदा करनी चाहिए एक ब्रेन डेड व्यक्ति अंगदान कर 8 से 10 व्यक्तियों को जीवनदान दे सकता है। इस अवसर पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक डॉ राजकुमार जयपाल सचिव डॉ हरवंस दुआ एवं जवाहर फाउंडेशन अजमेर के प्रभारी शिव कुमार बंसल ने अतिथियों का गुलदस्ता देकर स्वागत किया। इस अवसर पर आलोक शर्मा राजेंद्र राठौड़ उज्जवल  भरत भारद्वाज आदि 

उपस्थित थे।



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