



लंबे समय से एपीओ चल रहे 24 अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी, आयुक्त, अधिशासी अधिकारी और राजस्व अधिकारी स्तर तक बदलाव
जयपुर। राजस्थान में नगरीय निकाय चुनाव की तैयारियों के बीच स्वायत्त शासन विभाग ने बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 41 नगर पालिका सेवा अधिकारियों के ट्रांसफर और पोस्टिंग के आदेश जारी किए हैं। इस सूची में लंबे समय से एपीओ यानी अवेटिंग पोस्टिंग ऑर्डर चल रहे अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां दी गई हैं, जबकि 11 अधिकारियों को एपीओ किया गया है।
विभाग की ओर से जारी आदेश में वरिष्ठ आयुक्त, आयुक्त, अधिशासी अधिकारी और राजस्व अधिकारी स्तर तक के अधिकारी शामिल हैं। निकाय चुनाव से पहले किए गए इन बदलावों को स्थानीय प्रशासनिक व्यवस्था के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
तबादला सूची की खास बात यह है कि इसमें 24 ऐसे अधिकारियों को नई पोस्टिंग दी गई है, जो लंबे समय से एपीओ चल रहे थे। इन्हें विभिन्न नगर पालिकाओं और नगर परिषदों में अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इनमें आयुक्त, अधिशासी अधिकारी और राजस्व अधिकारी सहित विभिन्न पदों पर नियुक्तियां की गई हैं। नई पोस्टिंग के बाद संबंधित नगरीय निकायों में प्रशासनिक कामकाज को गति मिलने की उम्मीद है।
स्वायत्त शासन विभाग ने प्रशासनिक आवश्यकता और विभिन्न निकायों में उपलब्ध पदों को देखते हुए अधिकारियों का पदस्थापन किया है। कुछ अधिकारियों को मौजूदा पद से हटाकर दूसरे नगरीय निकायों में भेजा गया है। सूची में नगर पालिका सेवा के अलग-अलग स्तर के अधिकारी शामिल होने से यह बदलाव विभागीय स्तर पर व्यापक प्रशासनिक फेरबदल के रूप में देखा जा रहा है।
इसी आदेश में 11 अधिकारियों को एपीओ किया गया है। इन अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से वर्तमान पद से हटाकर आगामी पदस्थापन आदेश तक प्रतीक्षा में रखा गया है। अब विभाग की ओर से आने वाले दिनों में इन अधिकारियों को भी नई पोस्टिंग दिए जाने की संभावना है।
राजस्थान में नगरीय निकाय चुनावों की तैयारियों के बीच किए गए इन तबादलों की प्रशासनिक अहमियत बढ़ गई है। चुनावी प्रक्रिया के दौरान नगर पालिकाओं और नगर परिषदों में अधिकारियों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। आयुक्त, अधिशासी अधिकारी और राजस्व अधिकारी स्तर पर हुए बदलाव का सीधा असर स्थानीय निकायों के प्रशासनिक कामकाज पर पड़ेगा। वहीं लंबे समय से एपीओ चल रहे अधिकारियों को जिम्मेदारी देकर रिक्त और लंबित प्रशासनिक व्यवस्थाओं को व्यवस्थित करने का प्रयास भी किया गया है।